बच्चों को टीके और बुजुर्गों-हेल्थकेयर-फ्रंटलाइन वर्कर्स की प्रिकॉशन डोज के लिए गाइडलाइंस जारी, …जानिए

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने सोमवार को 15 से 18 साल के बच्चों के वैक्सिनेशन को लेकर गाइडलाइंस जारी की हैं। इसी के साथ 60 साल से ऊपर के बीमार लोगों और हेल्थकेयर-फ्रंटलाइन वर्कर्स के लिए भी प्रिकॉशन डोज की रूपरेखा का एलान किया गया है।

बच्चों के वैक्सिनेशन को लेकर गाइडलाइंस
देश में 3 जनवरी से 15 से 18 साल तक के बच्चों को कोरोना वैक्सीन लगाई जाएगी। इसके लिए 1 जनवरी से कोविन प्लेटफॉर्म पर रजिस्ट्रेशन कराया जा सकेगा। रजिस्ट्रेशन की प्रोसेस…

  • सबसे पहले कोविन वेबसाइट या ऐप पर जाएं। अपना मोबाइल नंबर डालें। OTP आएगा इसे डालकर लॉग इन करें।
  • अब कोई एक फोटो ID प्रूफ को चुनें। 10वीं का ID कार्ड भी रजिस्ट्रेशन के लिए आइडेंटिटी प्रूफ माना जाएगा। ऐसा इसलिए क्योंकि कुछ स्टूडेंट्स के पास आधार कार्ड या फिर कोई दूसरा पहचान पत्र नहीं होगा।
  • अपने द्वारा चुनी गई ID का नंबर, नाम डालें। इसके बाद जेंडर और डेट ऑफ बर्थ को चुनें।
  • मेंबर ऐड होने के बाद अब आप अपने निकटतम एरिया का पिन कोड डालें। वैक्सीनेशन सेंटर की लिस्ट आ जाएगी।
  • अब वैक्सीनेशन की डेट, टाइम और वैक्सीन को सिलेक्ट करें। सेंटर पर जाकर वैक्सीनेशन कराएं।
  • वैक्सीनेशन सेंटर पर आपको रिफरेंस ID और सीक्रेट कोड की जानकारी देनी होगी। जो आपको रजिस्ट्रेशन करने पर मिलती है।

15 से 18 साल तक के बच्चें टीकाकरण केंद्र पर भी सत्यापन कराकर रजिस्ट्रेशन और अपॉइंटमेंट ले सकते हैं। वर्तमान में टीकाकरण का विकल्प सिर्फ कोवाक्सिन है, क्योंकि 15-17 आयु वर्ग के लिए फिलहाल सिर्फ इसी वैक्सीन को आपात इस्तेमाल की मंजूरी मिली है।

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ऐसे लगेगी बुजुर्गों और हेल्थकेयर-फ्रंटलाइन वर्कर्स को प्रिकॉशन डोज

  • सभी हेल्थकेयर वर्कर्स, फ्रंटलाइन वर्कर्स और 60 साल से ऊपर के बीमारी से पीड़ित बुजुर्गों को कोरोना का डोज बुक करने की सुविधा उनके पुराने अकाउंट से ही मिल जाएगी।
  • प्रावधान के मुताबिक, जिन लोगों को कोरोना की दूसरी डोज लगे कम से कम नौ महीने (39 सप्ताह) हो गए होंगे उन्हें ही कोविन पर प्रिकॉशन डोज के लिए योग्य माना जाएगा।
  • अगर योग्य लाभार्थियों की प्रिकॉशन डोज का समय आ गया है, तो उन्हें इस बारे में याद दिलाने के लिए कोविन की तरफ से खुद एसएमएस भेजा जाएगा।
  • वैक्सिनेशन के लिए ऑनलाइन या सीधे टीकाकरण केंद्र पर जाकर रजिस्ट्रेशन और अपॉइंटमेंट बुक कराए जा सकते हैं।
  • जिन लोगों को कोरोना की प्रिकॉशन डोज दी जाएगी, उनके वैक्सिनेशन सर्टिफिकेट में इसकी पूरी जानकारी मुहैया होगी।

कॉमोर्बिटिज वाले 60 साल से ज्यादा उम्र के लोगों को प्रिकॉशन डोज के संबंध में स्वास्थ्य मंत्रालय ने ऐलान किया है कि डोज लेने के लिए डॉक्टर का सर्टिफिकेट नहीं दिखाना होगा। हालांकि मंत्रालय ने यह कहा है कि ऐसे लोगों को डोज लेने से पहले अपने डॉक्टर की सलाह जरूर लेनी चाहिए।

22 बीमारियां जो शामिल हैं कॉमोर्बिटिज लिस्ट में…

  • डायबिटीज, किडनी डिजीज या डायलिसिस
  • कार्डियोवैस्कुलर डिजीज
  • स्टेमसेल ट्रांसप्लांट
  • कैंसर
  • सिरोसिस
  • सिकल सेल डिजीज
  • प्रोलॉन्गड यूज ऑफ स्टेरॉयडस
  • इम्यूनोसप्रैसेंट ड्रग्स
  • मस्कुलर डिस्ट्रॉफी
  • रेसपिरेटरी सिस्टम पर एसिड अटैक
  • हाई सपोर्ट की जरूरत वाले विकलांग
  • मूकबधिर-अंधापन जैसी मल्टीपल डिसएबेलिटिज
  • गंभीर रेसपिरेटरी डिजीज से दो साल अस्पताल में रहें हों

बुजुर्गों और हेल्थकेयर-फ्रंटलाइन वर्कर्स को प्रिकॉशन डोज के रजिस्ट्रेशन के लिए तारीख अभी तय की जानी है। इसके अलावा स्वास्थ्य मंत्रालय ने अपनी नई गाइडलाइंस में यह स्पष्ट नहीं बताया कि प्रिकॉशन डोज के रूप में पहले दिए गए टीके को ही लगाया जाएगा या फिर दूसरा टीका भी लगवाया जा सकता है। इस संबंध में पूछे जाने पर स्वास्थ्य मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि फिलहाल इसकी 10 जनवरी को शुरुआत पुराने टीके की ही प्रिकॉशन डोज के रूप में हो रही है। यानी कोविशील्ड या कोवैक्सीन लगवाने वाले लोग प्रिकॉशन डोज के रूप में वही डोज ले सकेंगे जिसे उन्होंने पहले लिया था।

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सरकारी केंद्रों पर मुफ्त में ही लगेंगी डोज
मंत्रालय ने यह भी कहा है कि सरकारी टीकाकरण केंद्रों पर सभी नागरिकों को टीके पूर्व की तरह मुफ्त में उपलब्ध होंगे, भले ही उनकी आय कुछ भी हो। हालांकि जो लोग टीकों के लिए भुगतान करने की साम‌र्थ्य रखते हैं, उन्हें निजी अस्पतालों के टीकाकरण केंद्रों का इस्तेमाल करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।